देश-विदेश
विश्व पर्यावरण दिवस में कलेक्टर ने किया पौधारोपण
बालाघाट । कलेक्टर व बैंक प्रशासक डॉ. गिरीश कुमार मिश्रा द्वारा विश्व पर्यावरण दिवस के अवसर पर जिला सहकारी केंद्रीय बैंक मर्यादित बालाघाट सीईओ श्री आरसी पटले के निवास स्थान में रुद्राक्ष का पौधारोपण किया गया। इस अवसर पर एसडीएम गोपाल सोनी, डीडीए राजेश खोबरागड़े, मंडी निरीक्षक मनोज पटले, पी.जोशी प्रबंधक लेखा, आशीष मिश्रा, राजेश नागपुरे, सारंग बिसेन आदि उपस्थित रहे।
शिक्षा विभाग 30 जून तक चलाएगा विशेष अभियान
सीहोर । अशासकीय विद्यालयों के द्वारा फर्जी व डुप्लीकेट आईएसबीएन पाठ्य पुस्तकों को पाठ्यक्रम में शामिल किया जा रहा है। स्कूल शिक्षा विभाग द्वारा फर्जी व डुप्लिकेट आईएसबीएन पाठ्य पुस्तकों को पाठ्यक्रम में शामिल करने से रोकने के लिए निजी विद्यालयों के विरूद्ध 30 जून तक विशेष अभियान चलाया जाएगा तथा अशासकीय शालाओं का निरीक्षण किया जाएगा। निजी विद्यालयों द्वारा इस प्रकार की अनियमितता पाए जाने पर संबंधित अशासकीय शालाओं के विरुद्ध अनुशासनात्मक कार्यवाही की जायेगी। इसके लिए जिला एवं विकासखंड स्तर पर समिति गठित की गई है।
शिक्षा विभाग ने निर्देश दिए हैं कि, अशासकीय संस्थाओं द्वारा 08 जून तक शासन के पोर्टल पर फीस संरचना की जानकारी अपलोड नहीं करने पर निर्धारित समयावधि के बाद जानकारी अपलोड करने वाले अशासकीय संस्थाओं पर पांच गुना अर्थदंड की कार्यवाही की जायेगी। जिले में विकासखंड के समस्त शासकीय सीएम राईज स्कूलों एवं जिले के लक्ष्मी बाई उच्चतर माध्यमिक विद्यालय में 06 जून से 08 जून तक प्रातः 10 बजे से 5 बजे तक पुस्तक मेले का आयोजन किया जाएगा। पुस्तक मेले में अशासकीय स्कूल के छात्र-छात्राएं एवं पालकगणों को भी आमंत्रित किया गया है।
दूधमुंहे की हत्या कर फरार हुई सौतेली मां, जांच में जुटी पुलिस
बलरामपुर । जिले के सामरी थाना के ग्राम पचपेड़ी में सौतेली मां ने सात माह के अबोध बेटे की हत्या कर दी। घटना के बाद से आरोपित फरार है। पुलिस उसकी तलाश कर रही है। महिला की पकड़ में आने के बाद ही हत्या का कारण स्पष्ट हो सकेगा। पुलिस ने बताया कि ग्राम पचपेड़ी निवासी जेठुआ कोरवा की पत्नी मघनी कोरवा की सात माह पहले बच्चे को जन्म देते समय मृत्यु हो गई थी।
बच्चा पूरी तरह से स्वस्थ था। जन्म के बाद पिता ने घरवालों के साथ मिलकर नवजात का पालन-पोषण किया। बाद में उसकी देखभाल के लिए लगभग चार माह पहले ग्राम महुआटोली निवासी मनिता कोरवा को बतौर पत्नी बनाकर घर लाया था। जेठुआ कोरवा के अनुसार घटना दिवस को वह सरहुल त्योहार में शामिल होने चुनचुना बस्ती गया था। इस दौरान घर पर उसकी पत्नी, सात माह के बच्चे के साथ थी। सरहुल त्योहार मनाकर शाम को वह घर लौटा तो देखा कि बच्चा जमीन पर पड़ा था।
उसके ऊपर कपड़ा ढंका हुआ था। शरीर में कोई हलचल नहीं था। उसने बच्चे को गोद में उठाकर देखा तो उसकी सिर के पीछे व कनपटी के पास चोट के निशान नजर आए। जब उसने पत्नी से पूछताछ शुरू की तो वह वहां से फरार हो गई। उसके बाद वापस नहीं लौटी। पत्नी के फरार होने तथा घर में बच्चे के साथ उसी के होने के कारण सौतेली मां द्वारा ही हत्या करने का संदेह है।
पुलिस ने उसके विरुद्ध हत्या का अपराध पंजीकृत कर लिया है। आरोपित की खोजबीन की जा रही है। हत्या का कारण अभी स्पष्ट नहीं हो सका है। अनुमान लगाया जा रहा है कि पारिवारिक अथवा भविष्य में संभावित संपत्ति हिस्सेदारी से बचने के लिए सौतेली मां ने यह कदम उठाया होगा। इस घटना की सूचना जेठुआ ने सामरीपाठ पुलिस को दी।
निसर्ग व सामाजिक पर्यावरण प्रदूषण मंडल महाराष्ट्र राज्य द्वारा एक दिवसीय कार्यशाला
निसर्ग व सामाजिक पर्यावरण प्रदूषण मंडल महाराष्ट्र राज्य द्वारा 5जून को एक दिवसीय कार्यशाला का आयोजन रालेगांव सिद्धी अहमदनगर में किया गया।जिसमे पद्मा भूषण श्री अन्ना हजारे जी के गांव में उनके आशीर्वाद से एवम अन्य मान्यवरो की उपस्थिति मे संपन्न हुआ।
इसमें छत्तीसगढ़ से मुझे पर्यावरण के मेरे योगदान के लिए सम्मानित किया गया और सन 2023 से 2026 तक के लिए संस्था का राज्य समन्वयक नियुक्त किया गया।
और पूरे महाराष्ट्र से आए पर्यावरण प्रेमियों में रायपुर छत्तीसगढ़ से केवल मैं ही थी।जिसे सम्मान मिला।आदरणीय अण्णा हज़ारे जी के पर्यावरण पूर्ण और निसर्ग रम्य वातावरण में मन प्रसन्न हो गया उनकी लाइब्रेरी और सुंदर व्यवस्था ने कार्यक्रम को सफल बनाया।
मैंने सभी 200 मान्यवारो को पर्यावरण की रक्षा के लिए नए कपड़े की थैलियों का वितरण किया जिसे सभी ने बहुत ही सराहा और इतनी दूर से ऐसी गर्मी में वहा पहुंचने के लिए आभार व्यक्त किए।मैं सभी आयोजकों और मान्यवरों की आभारी हु कि मुझे बुलाया
भारतीय रेलवे ने ओडिशा में रेल दुर्घटना के मृतकों की शिनाख्त की अपील की
ओडिशा सरकार के सहयोग से मृतकों, अस्पतालों में भर्ती लोगों और अज्ञात शवों के फोटो के लिंक उपलब्ध कराए गए हैं
ओडिशा के बहांगा में हुई दुर्भाग्यपूर्ण रेल दुर्घटना में उन परिवारों की सुविधा के लिए जो अभी भी अपने रिश्तेदारों के बारे में जानकारी प्राप्त नहीं कर सकें हैं, भारतीय रेलवे ने ओडिशा सरकार के सहयोग से उनका पता लगाने की पहल की है। इस दुर्घटना में प्रभावित यात्रियों के परिवार के सदस्य/रिश्तेदार/मित्र और शुभचिंतक मृतकों के फोटो के लिंक, विभिन्न अस्पतालों में भर्ती यात्रियों की सूची और अज्ञात शवों के बारे में निम्नलिखित विवरण का उपयोग करके पता लगा सकते हैं:
ओडिशा में दुर्भाग्यपूर्ण बहांगा रेल दुर्घटना में मृतकों की तस्वीरों का लिंक:
srcodisha.nic.in/Photos%20Of%20Deceased%20with%20Disclaimer.pdf
अलग-अलग अस्पतालों में इलाज करा रहे यात्रियों की सूची का लिंक:
एससीबी कटक में उपचाराधीन अज्ञात व्यक्तियों का लिंक:
www.bmc.gov.in/train-accident/download/Un-identified-person-under-treatment-at-SCB-Cuttack.pdf
इस रेल दुर्घटना में प्रभावित यात्रियों के परिवारों/रिश्तेदारों को जोड़ने के लिए रेलवे हेल्पलाइन नंबर 139 चौबीसों घंटे काम कर रहा है। रेलवे के वरिष्ठ अधिकारियों द्वारा हेल्पलाइन 139 का संचालन किया जा रहा है। साथ ही, बीएमसी हेल्पलाइन नंबर 18003450061/1929 भी 24x7 काम कर रहा है। नगर आयुक्त कार्यालय, भुवनेश्वर ने एक नियंत्रण कक्ष स्थापित किया है, जहाँ से वाहनों के साथ लोगों को या तो अस्पताल या शवगृहों, जैसा भी उचित हो, के लिए निर्देशित किया जा रहा है। सुविधा प्रदान करने के लिए अधिकारियों को भी नियुक्त किया गया है।
अगर किसी को देखना है तो वो खुद भी भारत जाकर इसे देख सकता है, PM मोदी के दौरे से ठीक पहले क्यों बोला अमेरिका?
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी इसी महीने अमेरिका के आधिकारिक दौरे पर जाने वाले हैं. इससे पहले अमेरिका ने भारत के लोकंतत्र की तारीफ की है. अमेरिका ने कहा है कि पीएम मोदी की अमेरिका यात्रा के दौरान दोनों देशों के संबंध और मजबूत होंगे.
ऐसे वक्त में जब रूस-यूक्रेन युद्ध को लेकर दुनिया दो ध्रुवों में बंटी दिख रही है, वैश्विक मंच पर भारत की धाक बढ़ती जा रही है. पीएम मोदी इसी महीने अमेरिका के दौरे पर जाने वाले हैं लेकिन उससे पहले अमेरिका ने भारत की और भारतीय लोकतंत्र की खुलकर तारीफ की है. अमेरिका ने भारत के लोकतंत्र की तारीफ करते हुए कहा कि भारत एक जीवंत लोकतंत्र है. अमेरिका का कहना है कि अगर किसी को इसे देखना है तो वो खुद भी भारत जाकर इसे देख सकता है.
अमेरिका के इस बयान से ऐसा लगता है जैसे उसने भारत के लोकतंत्र को लेकर उठ रही चिंताओं को खारिज कर दिया है.
व्हाइट हाउस के राष्ट्रीय सुरक्षा परिषद के प्रवक्ता जॉन किर्बी ने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा, 'भारत एक जीवंत लोकतंत्र है. अगर कोई इसे देखना चाहता है तो खुद दिल्ली जाकर देख सकता है. और निश्चित रूप से, मैं उम्मीद करता हूं कि लोकतांत्रिक संस्थानों की ताकत पर चर्चा होती रहनी चाहिए.'
भारत के लोकतंत्र पर उठते सवालों के जवाब में किर्बी ने कहा, 'देखिए, हम अपनी बात कहने से हिचकते नहीं हैं. और आप दोस्तों से खुलकर बात कर सकते हैं. दोस्तों के साथ आप ऐसा कर सकते हैं. दुनिया में किसी को लेकर भी अगर हमें कोई चिंता है तो हम उससे बात करने में हिचकते नहीं हैं. लेकिन यह यात्रा (पीएम मोदी की यात्रा) भारत-अमेरिका के मौजूदा संबंधों को और आगे ले जाने के लिए है. हमें उम्मीद है कि गहरी, मजबूत साझेदारी और दोस्ती आगे बढ़ेगी.'
किर्बी ने आगे कहा कि भारत कई स्तरों पर अमेरिका का मजबूत साझेदार है.
उन्होंने अमेरिकी रक्षा मंत्री लॉयड ऑस्टिन के हालिया भारत दौरे का जिक्र करते हुए कहा, 'आपने देखा कि लॉयड ऑस्टिन ने अब कुछ अतिरिक्त रक्षा सहयोग की घोषणा की है जिसे हम भारत के साथ आगे बढ़ाने जा रहे हैं. भारत और अमेरिका के बीच काफी अधिक व्यापार है, इसमें कोई शक नहीं है. भारत पैसिफिक क्वाड का सदस्य है और इंडो-पैसिफिक सुरक्षा के लिए एक प्रमुख मित्र और भागीदार है.'
पीएम मोदी के अमेरिका दौरे को लेकर किर्बी ने कहा है कि दोनों देशों के संबंध बहुपक्षीय रूप से कई स्तरों पर मायने रखते हैं. राष्ट्रपति जो बाइडेन उन सभी मुद्दों पर बात करने और दोस्ती को और आगे बढ़ाने के लिए पीएम मोदी के यहां आने की उम्मीद कर रहे हैं.
विदेश मंत्रालय ने जानकारी दी है कि राष्ट्रपति बाइडेन पीएम मोदी के लिए 22 जून को एक स्टेट डिनर भी होस्ट करेगे.
अमेरिका ने धार्मिक स्वतंत्रता को लेकर भारत पर साधा था निशाना
पिछले महीने अमेरिकी विदेश मंत्रालय ने धार्मिक स्वतंत्रता पर अपनी वार्षिक रिपोर्ट जारी की थी जिसमें भारत में अल्पसंख्यकों के खिलाफ हिंसा की 20 से अधिक घटनाओं का जिक्र किया गया था. रिपोर्ट के संदर्भ में एक अमेरिकी अधिकारी ने कहा था कि अमेरिका चाहता है, भारत लगातार हो रही धार्मिक हिंसा की निंदा करे.
15 मई को जारी धार्मिक स्वतंत्रता पर अमेरिकी विदेश मंत्रालय की वार्षिक रिपोर्ट में भारत में मुस्लिमों और ईसाइयों सहित धार्मिक अल्पसंख्यकों के खिलाफ हमलों को सूचीबद्ध किया गया था.
हालांकि, रिपोर्ट को पेश करते हुए अमेरिकी विदेश मंत्री एंटनी ब्लिंकन ने अन्य देशों के साथ भारत का नाम नहीं लिया था. उन्होंने धार्मिक स्वतंत्रता के लिए चीन, ईरान, म्यांमार और निकारागुआ पर निशाना साधा लेकिन भारत का कहीं नाम नहीं लिया.
रिपोर्ट को भारत ने कर दिया था खारिज
अमेरिका की इस रिपोर्ट को भारत ने सिरे से खारिज करते हुए पक्षपातपूर्ण और मोटिवेटेड बताया था.
विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता अरिंदम बागची ने कहा था, 'अफसोस की बात है कि इस तरह की रिपोर्ट्स गलत सूचना और गलत समझ पर आधारित है. कुछ अमेरिकी अधिकारियों की तरफ से पक्षपाती टिप्पणी की गई है, जो इन रिपोर्ट्स की विश्वसनीयता को कम करती है. हम अमेरिका के साथ अपनी साझेदारी को अहमियत देते हैं और हम चिंता के मुद्दों पर खुलकर बात करना जारी रखेंगे.'
'अमेरिका ने भारत के लोकतांत्रिक मूल्यों को लेकर चुप रहने का फैसला किया है'
इससे पहले एक रिपोर्ट में वरिष्ठ अमेरिकी अधिकारियों ने दावा किया था कि अमेरिका की सरकार ने भारत में मानवाधिकारों और लोकतांत्रिक मूल्यों को लेकर चुप रहने का फैसला किया है. ब्लूमबर्ग की रिपोर्ट में अमेरिकी अधिकारियों ने कहा था कि अमेरिका ने यह फैसला चीन के साथ प्रतिद्वंद्विता में भारत को अपने साथ रखने के लिए किया है. अधिकारियों का दावा था कि अमेरिका चीन के खिलाफ भारत को अपने पक्ष में करने के प्रयासों को तेज कर रहा है.
इसे लेकर जॉन किर्बी से भी सवाल किए गए थे कि क्या बाइडेन प्रशासन मानवाधिकार और गिरते लोकतांत्रिक मूल्यों को लेकर मोदी सरकार की आलोचना नहीं करना चाहता? जवाब में उन्होंने कहा था, 'जैसा कि हम दुनिया भर के दूसरे देशों के साथ करते हैं, हम नियमित रूप से मानवाधिकारों, धार्मिक स्वतंत्रता के मुद्दों को लेकर वरिष्ठ स्तर पर भारत सरकार के अधिकारियों के साथ बात करते हैं.'
ट्रेन हादसे की प्रारंभिक जांच में बड़ा खुलासा,रेलवे बोर्ड का सीबीआई जांच की सिफारिश,देखे...
बालासोर:ओडिशा के बालासोर में बीते शुक्रवार को हुए ट्रेन हादसे की प्रारंभिक जांच में बड़ा खुलासा हुआ है। इसी खुलासे की वजह से रेलवे बोर्ड ने पूरे घटनाक्रम की सीबीआई जांच की सिफारिश की है। बालासोर के बहानागा बाजार रेलवे स्टेशन पर हुए भीषण ट्रेन हादसे में पटरियों के इंटरलॉकिंग सिस्टम में छेड़छाड़ किए जाने की आशंका दिख रही है। इन अफसरों के मुताबिक प्रारंभिक जांच में सुराग मिले हैं कि इंटरलॉकिंग सिस्टम में जानबूझकर छेड़छाड़ की गई है। इसी वजह से जांच का काम पेशेवर एजेंसी यानी सीबीआई से कराने का फैसला लिया गया है।
इसमें गड़बड़ी की आशंका न के बराबर होती है। जब तक कोई जानबूझकर इसे नहीं छेड़ता, इसमें किसी तरह का बदलाव नहीं किया जा सकता। इससे पहले रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने कहा था कि हादसे की प्रारंभिक जांच में पता चला है कि क्या गड़बड़ी इंटरलॉकिंग सिस्टम से की गई और इसके पीछे जो लोग हैं, उनका भी पता चल गया है। रेल मंत्री के इस बयान के बाद ही सीबीआई से जांच कराने की सिफारिश रेलवे बोर्ड ने कर दी थी।
शुक्रवार को कोलकाता के शालीमार स्टेशन से चेन्नई जा रही कोरोमंडल एक्सप्रेस को बहानागा बाजार स्टेशन पर अप मेन लाइन से जाने का सिग्नल दिया गया था, लेकिन ट्रेन लूप लाइन पर चली गई और 128 किलोमीटर की तेज रफ्तार से वहां खड़ी मालगाड़ी से टकरा गई। इसके बाद उसके सभी कोच पटरी से उतर गए। पीछे के कोच दूसरी तरफ डाउन मेन लाइन से गुजर रही यशवंतपुर-हावड़ा एक्सप्रेस के पीछे के 2 कोच से टकराए थे। जिससे वे भी पटरी से उतर गए थे। इस हादसे में 270 से ज्यादा यात्रियों की जान गई थी। जबकि, 1000 के करीब यात्री घायल हुए थे।
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जिसका कद बढ़ता रहता है, उसका महत्व बढ़ता है
राजनीति, में जिसका कद बढ़ता रहता है, उसका महत्व बढ़ता है, जनता में उसकी साख बढ़ती है, जनता का उस पर भरोसा बढ़ता है। जो सत्ता में हैं, वह दूसरी बार सत्ता में लोटता है तो उसका कद बढ़ता है, माना जाता है जनता इसे पसंद करती है,इसने अच्छा काम किया है, इसलिए जनता ने इस पर दोबारा भरोसा किया है। ऐसे कई सीएम मिल जाएंगे जिस पर जनता ने दोबारा भरोसा किया है, लेकिन जब बात पीएम पद की आती है तो दोबारा पीएम बनना मुश्किल होता है, तीसरा बार पीेएम बनना और भी मुश्किल माना जाता है।
विश्व के कई देशों में तो हर चुनाव में पीएम, राष्ट्रपति बदल जाते हैं.जनता उन्हें पद से हटा देती है।कई देश में तो पंद्रह साल में पांच पीएम बदल जाते हैं। ब्रिटेन के पीएम ऋषि सुनक हाल में चुनाव में बुरी तरह हारे हैं। उनकी पार्टी चौदह साल से सत्ता पर थी, इस दौरान वहां पांच पीएम बदले गए। सत्ता बचाने की चुनौती सुनक के सामने थी और पंद्रह साल सरकार के बाद सत्ता बचाना बहुत ही मुश्किल होता है। यही हुुआ ब्रिटेन की जनता ने सुनक की पार्टी को सत्ता से हटा दिया। इसी तरह अमरीका,आस्ट्रेलिया,जर्मनी,न्यूजीलैंड आदि देशों में भी दस साल में पीेएम बदल गए हैं। क्योंकि तीसरी बार सत्ता पर लौटना आसान नहीं होता है।नेता से जनता ऊब गई होती है उसकी खिलाफ नाराजगी बड़ जाती है। यही वजह है कि देश की बात हो या विदेशों की बात है,किसी पार्टी,. किसी नेता के तीसरी बार सत्ता में लौटन को बड़ी घटना माना जाता है।
विश्व के कई देशोें में पिछले दस सालों में दो बार चुनाव हो चुके हैं उसमें भारत ही ऐसा देश है चहां नरेंद्र मोदी तीसरी बार पीएम बने है्। तीसरी बार चुनाव में बहुमत प्राप्त कर सत्ता में लौटे हैं। यह देश ही नहीं विश्व राजनीति में भी एक ऐतिहासिक घटना है। इससे पीएम मोदी का कद देश ही नहीं विदेश में बढ़ा है, वह इस ऐतिहासिक सफलता के साथ देश के तमाम नेताओं से बड़े नेता के रूप में स्थापित हो गए है्ं। उनके मुकाबले का कोई नेता नही है, इसलिए उनके मुकाबले में राहुल गांधी को लाने के लिए कांग्रेस और उसके इको सिस्टम ने मोदी की सफलता की बड़ी घटना को छोटी घटना बताने का प्रयास किया है। पीएम मोदी को तिहाई पीेएम, चुनाव में मोदी की नैतिक हार हुई है, कहकर पीएम मोदी के कद को कम करने का प्रयास किया गया है।
ऐसा इसलिए किया गया है कि क्योंकि कांग्रेस व राहुल गाधी की तीसरी बार शर्मनाक हार हुई है। इस शर्मनाक हार को छिपाने के लिए ही इस झूठ का प्रचार किया गया है कि इस चुनाव में 99 सीटें जीतने वाले राहुल गांधी विजेता है और 240 सीटें जीतने वाले पीएम मोदी तो हारे हुए नेता है। कांग्रेस का यह झूठ कुछ दिन ही चला जैसे की मोदी ने तीसरी बार शपथ ली, कांग्रेस के झूठ का पर्दाफाश हो गया। इसके कांग्रेस ने कमजोर सरकार,कमजोर पीएम का राग अलापा।वह भी काम नहीं आया। पीएम मोदी ने अपने पुराने मंत्रियों को न बदलकर कांग्रेस को बता दिया कि मोदी की सरकार उतनी ही मजबूत है, जितनी पहले थी।
ओम बिरला को स्पीकर बनवा कर यह संदेश दे दिया कि वह मजबूत पीएम है, और उनकी सरकार मजबूत सरकार है।इस मजबूत सरकार की छबि खराब करने के लिए राहुल गांधी व कांग्रेस झूठ का सहारा भी ले रहे हैं। उनके झूठ की पोल खुलतेे ही उनकी की छवि खराब हो रही है। अग्निवीर के मामले में राहुल गांधी ने संसद में झूठ बोला, तो उनकी झूठ की पोल तो संसद में पहले रक्षामंत्री राजनाथ सिंह ने खोली। उसके बाद शहीद अग्निवीर के पिता ने भी सच्चाई बता दी जिससे साबित हुआ है कि कांग्रस व राहुल गांधी झूठ बोल रहे थे।इससे राहुल गाधी की छबि ही खराब हुई है। कांंग्रेस का समझने की जरूरत है कि झूठ की राजनीति से अप्लकालिक लाभ तो होता है लेकिन दीर्घकाल में नुकसान ही होता है। सच हमेशा सच रहता है और झूठ हमेशा झूठ ही रहता है। बड़ी घटना हमेशा बड़ी घटना रहती है, वह छोटी बताने से छोटी नहीं हो जाता है।
कनेक्टिविटी के एक नए युग की शुरुआत
ऐतिहासिक परिवर्तन: सौ साल पुराने औपनिवेशिक अधिनियमों को बदलना
केंद्र सरकार ने 4 जुलाई, 2024 को दूरसंचार अधिनियम- 2023 की धारा 6-8, 48 और 59(बी) को आज यानी 5 जुलाई, 2024 से लागू करने के लिए राजपत्रित अधिसूचना जारी की।
दूरसंचार अधिनियम- 2023 का उद्देश्य दूरसंचार सेवाओं व दूरसंचार नेटवर्क के विकास, विस्तार और परिचालन, स्पेक्ट्रम का आवंटन और उससे जुड़े मामलों से संबंधित विधि को संशोधित व समेकित करना है। इसके अलावा दूरसंचार अधिनियम- 2023, दूरसंचार क्षेत्र और प्रौद्योगिकियों में विशाल तकनीकी प्रगति के कारण भारतीय टेलीग्राफ अधिनियम- 1885 और भारतीय वायरलेस टेलीग्राफ अधिनियम- 1933 जैसे मौजूदा विधायी ढांचे को निरस्त करने की इच्छा रखता है। समावेश, सुरक्षा, वृद्धि और त्वरित के सिद्धांतों द्वारा निर्देशित इस अधिनियम का उद्देश्य विकसित भारत की सोच को प्राप्त करना है।
संसद ने दूरसंचार अधिनियम- 2023 को दिसंबर 2023 में पारित किया था। इसके बाद 24 दिसंबर 2023 को भारत की राष्ट्रपति ने इसे मंजूरी प्रदान की और उसी दिन इसे आधिकारिक राजपत्र में प्रकाशित किया गया। इस अधिनियम की धारा 1, 2, 10-30, 42-44, 46, 47, 50-58, 61 और 62 को भारत के राजपत्र में 21 जून, 2024 की अधिसूचना संख्या- 2408 (ई) के माध्यम से 26 जून, 2024 से पहले ही लागू कर दिया गया है।
5 जुलाई, 2024 (आज) से लागू की गई धाराओं की मुख्य विशेषताएं निम्नलिखित हैं
स्पेक्ट्रम का वांछित उपयोग: यह अधिनियम द्वितीयक कार्यभार, साझाकरण, व्यापार, पट्टे और स्पेक्ट्रम के समर्पण जैसी प्रक्रियाओं के माध्यम से दुर्लभ स्पेक्ट्रम के कुशल उपयोग के लिए कानूनी ढांचा प्रदान करता है। इसके अलावा यह स्पेक्ट्रम के उपयोग को तटस्थ तरीके से लचीला, उदार और तकनीकी रूप से संभव बनाता है।
दूरसंचार को अवरुद्ध करने वाले उपकरणों के उपयोग पर प्रतिबंध: इस अधिनियम में तत्काल प्रभाव से दूरसंचार को अवरुद्ध करने वाले किसी भी उपकरण के उपयोग पर प्रतिबंध लगाया गया है, जब तक कि केन्द्र सरकार द्वारा इसकी अनुमति न दी जाए।
भारतीय दूरसंचार नियामक प्राधिकरण (ट्राई) के अध्यक्ष और सदस्यों की नियुक्ति के लिए मानदंड: इस अधिनियम की धारा 59(बी) ट्राई अधिनियम- 1997 की धारा 4 में संशोधन करेगी और ट्राई के अध्यक्ष व सदस्यों की नियुक्ति के लिए मानदंड निर्धारित करेगी।
नवीनतम अधिसूचना में शामिल किया गया एक प्रमुख पहलू यह है कि केन्द्र सरकार स्पेक्ट्रम उपयोग में दक्षता बढ़ाने और इसे प्राप्त करने के विभिन्न तरीकों जैसे कि द्वितीयक कार्यभार, साझाकरण/व्यापार आदि पर ध्यान केंद्रित कर रही है।
चेन्नई में तमिलनाडु इकाई के अध्यक्ष के. आर्मस्ट्रॉन्ग की हत्या कर दी गई
नई दिल्ली । चेन्नई में तमिलनाडु इकाई के अध्यक्ष के. आर्मस्ट्रॉन्ग की हत्या कर दी गई। शुक्रवार, 5 जुलाई की शाम पेरम्बूर स्थित उनके घर के बाहर उन पर हमला किया गया। घायल आर्मस्ट्रॉन्ग को अस्पताल ले जाया गया जहां चिकित्सकों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।
इस हत्या पर बसपा सुप्रीमो मायावती ने सवाल खड़े करते हुए सख्त कार्रवाई की मांग उठाई तो मुख्यमंत्री स्टालिन ने हमलावरों की गिरफ्तारी की जानकारी सोशल पर मीडिया दी।
स्टालिन ने हत्या पर अफसोस जताते हुए हमलावरों के पकड़े जाने की जानकारी दी। उन्होंने कहा, बहुजन समाज पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष आर्मस्ट्रॉन्ग की हत्या स्तब्धकारी एवं अत्यंत दुःखद है। पुलिस ने रातों रात हत्या में शामिल लोगों को गिरफ्तार कर लिया है।
उन्होंने एक लंबे चौड़े पोस्ट में आगे लिखा, इसके साथ ही मैं आर्मस्ट्रॉन्ग की शोक संतृप्त पार्टी, परिवार, रिश्तेदारों और दोस्तों के प्रति अपनी गहरी संवेदना व्यक्त करना चाहता हूं... मैंने पुलिस अधिकारियों को मामले की शीघ्र तहकीकात कर दोषियों को कानून के अनुसार न्याय के कटघरे में लाने का आदेश दे दिया है।
इससे पहले बहुजन समाज पार्टी अध्यक्ष मायावती ने भी एक्स पर दुख जताते हुए नाराजगी जाहिर की थी। उन्होंने कहा था, बसपा तमिलनाडु राज्य इकाई के अध्यक्ष के. आर्मस्ट्रॉन्ग की आज शाम (5 जुलाई) उनके चेन्नई आवास के बाहर की गई नृशंस हत्या अति-दुःखद व अति-निन्दनीय है। पेशे से वकील आर्मस्ट्रॉन्ग राज्य में दलितों की सशक्त आवाज़ के रूप में जाने जाते थे। सरकार दोषियों के खिलाफ अविलम्ब सख्त कार्रवाई करे।
हाथरस के भोले बाबा जैसे अनेकों और बाबाओं के अंधविश्वास व पाखंडवाद के बहकावे में न आएं।
खनऊ । उत्तर प्रदेश की पूर्व मुख्यमंत्री और बसपा सुप्रीमो मायावती ने शनिवार को लोगों को सलाह दी है कि वे अपने दुखों को दूर करने के लिए हाथरस के भोले बाबा जैसे अनेकों और बाबाओं के अंधविश्वास व पाखंडवाद के बहकावे में न आएं। साथ ही उन्होंने दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की है।
पूर्व सीएम मायावती ने अपने एक्स अकाउंट तीन पोस्ट किए। मायावती ने कहा, "देश में गरीबों, दलितों व पीड़ितों आदि को अपनी गरीबी व अन्य सभी दुःखों को दूर करने के लिए हाथरस के भोले बाबा जैसे अनेकों और बाबाओं के अंधविश्वास व पाखंडवाद के बहकावे में आकर अपने दुःख व पीड़ा को और नहीं बढ़ाना चाहिए, यही सलाह है।"
मायावती ने कहा, बाबा साहेब डा. भीमराव अम्बेडकर के बताए हुए रास्तों पर चलकर इन्हें सत्ता खुद अपने हाथों में लेकर अपनी तकदीर खुद बदलनी होगी। इन्हें अपनी पार्टी बीएसपी से ही जुड़ना होगा, तभी ये लोग हाथरस जैसे काण्डों से बच सकते हैं, जिसमें 121 लोगों की हुई मृत्यु अति-चिन्ताजनक है।
मायावती ने आगे कहा कि हाथरस कांड में, बाबा भोले सहित अन्य जो भी दोषी हैं, उनके विरुद्ध सख्त कार्रवाई होनी चाहिए। ऐसे अन्य और बाबाओं के विरुद्ध भी कार्रवाई होनी जरूरी। इस मामले में सरकार को अपने राजनीतिक स्वार्थ में ढीला नहीं पड़ना चाहिए, ताकि आगे लोगों को अपनी जान ना गंवानी पड़े।
बता दें कि हाथरस में भगदड़ दो जुलाई को स्वयंभू संत और उपदेशक नारायण साकार हरि उर्फ 'भोले बाबा' के सत्संग के दौरान हुई थी। इसमें 121 लोगों की मौत हो गई थी, जिसमें ज्यादातर महिलाएं शामिल थीं।
एफआईआर के अनुसार, कार्यक्रम में 2.50 लाख से अधिक लोग शामिल हुए थे, जबकि प्रशासन ने केवल 80 हजार लोगों को ही अनुमति दी थी।
एफआईआर के अनुसार, सत्संग आयोजकों ने सबूत छिपाकर तथा बाबा के अनुयायियों की चप्पलें और अन्य सामान पास के खेतों में फेंक कर कार्यक्रम में मौजूद लोगों की वास्तविक संख्या को छिपाने की कोशिश की थी।
ऐसा बताया जा रहा है कि भगदड़ तब मची जब कई श्रद्धालु उपदेशक के पैरों की मिट्टी लेने के लिए दौड़े थे। उनका मानना था कि इससे उनकी सभी बीमारियां ठीक हो सकती हैं।
उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए
गोरखपुर । उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए हैं कि किसी की जमीन पर अवैध कब्जा करने वाले भूमाफिया और कमजोरों को उजाड़ने वाले दबंग किसी भी दशा में बख्शे न जाएं।
मुख्यमंत्री ने कहा है कि उनके खिलाफ जीरो टॉलरेंस की नीति का अनुसरण करते हुए कठोर से कठोर कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित की जाए। सरकार का संकल्प है कि किसी के भी साथ अन्याय नहीं होने दिया जाएगा।
मुख्यमंत्री ने जमीन कब्जा करने के मामलों में तत्काल कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं। मुख्यमंत्री योगी शनिवार को गोरखनाथ मंदिर में आयोजित जनता दर्शन में लोगों की समस्याएं सुन रहे थे। बारिश के कारण मंदिर परिसर के महंत दिग्विजयनाथ स्मृति भवन में कुर्सियों पर बैठाए गए लोगों तक वह खुद पहुंचे और एक-एक करके, इत्मीनान से सबकी समस्याएं सुनीं।
करीब 400 लोगों से मुलाकात कर उन्होंने सबको आश्वस्त किया कि उनके रहते किसी के साथ नाइंसाफी नहीं होगी। सबके प्रार्थना पत्रों को संबंधित अधिकारियों को संदर्भित करते हुए त्वरित और संतुष्टिपरक निस्तारण का निर्देश देने के साथ लोगों को भरोसा दिलाया कि सरकार हर पीड़ित की समस्या का समाधान कराने के लिए दृढ़ संकल्पित है। सबको न्याय मिलेगा और सबकी पीड़ा दूर की जाएगी।
जनता दर्शन में दूसरे जिलों के भी लोग आए थे। सीएम से मिलकर समस्या बताने वालों में महिलाओं की संख्या पुरुषों की अपेक्षा काफी अधिक रही। जनता दर्शन में कुछ महिलाओं ने भूमाफिया और दबंगों द्वारा जमीन कब्जा करने की शिकायत की। इस पर मुख्यमंत्री ने कहा कि भूमाफिया को करारा सबक सिखाया जाएगा। उनके रहते कोई भी किसी कमजोर या गरीब को उजाड़ नहीं पाएगा।
मुख्यमंत्री ने पास में मौजूद प्रशासन व पुलिस के अफसरों को निर्देशित किया कि जबरन जमीन कब्जा करने वालों को चिन्हित कर उनके खिलाफ सख्त विधिक कार्रवाई करें। सुनिश्चित किया जाए कि कोई भी दबंग, माफिया, अपराधी किसी की जमीन पर कब्जा न करने पाए। मुख्यमंत्री के समक्ष जनता दर्शन में कई लोग इलाज के लिए आर्थिक सहायता की गुहार लेकर पहुंचे थे।
सीएम योगी ने उन्हें आश्वस्त किया कि सरकार इलाज के लिए भरपूर मदद करेगी। उनके प्रार्थना पत्रों को अधिकारियों को हस्तगत करते हुए मुख्यमंत्री ने निर्देश दिया कि इलाज से जुड़े एस्टीमेट की प्रक्रिया को जल्द से जल्द पूर्ण करा कर शासन में उपलब्ध कराया जाए। सीएम ने अफसरों से कहा कि वे हर जरूरतमंद का आयुष्मान कार्ड बनवाएं ताकि इलाज के लिए उन्हें परेशान न होना पड़े।
दिल्ली के पूर्व उपमुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया की न्यायिक हिरासत 15 जुलाई तक बढ़ाई
नई दिल्ली । दिल्ली एक्साइज पॉलिसी मामले में दिल्ली के पूर्व उपमुख्यमंत्री और AAP नेता मनीष सिसोदिया को राउज एवेन्यू कोर्ट में पेश किया गया था।अदालत ने एक्साइज़ पॉलिसी मामले में दिल्ली के पूर्व उपमुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया की न्यायिक हिरासत 15 जुलाई तक बढ़ाई।सीबीआई की गिरफ्तारी के बाद पिछले साल 26 फरवरी से सिसोदिया हिरासत में हैं। इसके बाद उन्हें ईडी ने गिरफ्तार किया। मामले में अब तक कुल 18 लोगों को गिरफ्तार किया गया है। इनमें अरविंद केजरीवाल, मनीष सिसोदिया, बीआरएस नेता के कविता और कई अन्य शामिल हैं।
गढ़चिरौली जिले में नक्सलियों द्वारा लगाए क्लेमोर माइन के
गढ़चिरौली । महाराष्ट्र-छत्तीसगढ़ सीमा से लगे गढ़चिरौली जिले में नक्सलियों द्वारा लगाए क्लेमोर माइन के ब्लास्ट होने से दो जवान घायल हो गए हैं। दोनों जवानों को इस हादसे में मामूली चोटें आई हैं। मिली जानकारी के अनुसार, एंटी नक्सल यूनिट C60 के जवानों के सर्चिंग से लौटने समय क्लेमोर माइंस ब्लास्ट कर दिया। इस घटना में दो जवानों को मामूली चोटें आई हैं।
महाराष्ट्र के नक्सल सेल ने बताया कि, आज सुबह नक्सली की पैठ वाले इलाके से सर्चिंग कर वापस लौट रहे थे। जवानों पर नक्सलियों ने एंबुश लगाते हुए गढ़चिरौली जिले के डोधराज ब्रिज के पास क्लेमोर माइंस से अटैक कर दिया। इस धमाके में दो जवानों के हाथ में मामूली चोट आई है। सैनिकों की मुस्तैदी के चलते माओवादियों की कोशिश नाकाम रही। घटना के बाद महाराष्ट्र सीमा पर खोज अभियान और तेज कर दिया गया है।
अलका लाम्बा बनीं महिला कांग्रेस की राष्ट्रीय अध्यक्ष
नई दिल्ली । अलका लांबा का कांग्रेस पार्टी में कद बढ़ गया है. अलका लांबा एक समय पर आम आदमी पार्टी के संयोजक और दिल्ली के सीएम अरविंद केजरीवाल की करीबी हुआ करती थीं। लेकिन उनका उस पार्टी ने मोह भंग हुआ तो उन्होंने कांग्रेस में घर वापसी की। बड़े मुद्दों पर पार्टी का पक्ष रखने वाली अलका लांबा एक कुशल वक्ता हैं. जिन्हें अब महिला कांग्रेस का अध्यक्ष बनाया गया है। अलका लांबा का जन्म 21 सितंबर 1975 को हुआ. दिल्ली यूनिवर्सिटी में साइंस स्ट्रीम में ग्रेजुएशन करने के दौरान वो NSUI की स्टेट गर्ल कन्वीनर बनीं. 1994 में NSUI से जुड़ीं. 1997 में उसकी राष्टीय अध्यक्ष बनीं। 2002 में अलका को अखिल भारतीय महिला कांग्रेस का जनरल सेक्रेटरी बनाया गया. कांग्रेस पार्टी ने शुक्रवार को नेटा डिसूजा की जगह दिल्ली की पूर्व विधायक अलका लांबा को अपनी महिला शाखा का अध्यक्ष चुना है. लांबा को पिछले वर्ष कांग्रेस कार्य समिति की बैठक में विशेष आमंत्रित के रूप में नामित किया गया था।
विश्व कैंसर दिवसः कैंसर रोकथाम हेतु जागरुकता बढ़ाने के लिए वेदांता एल्यूमिनियम की पहल
अपना दल (एस) इंदौर कार्यालय में बाबा साहेब के परिनिर्वाण दिवस पर पुष्पांजलि अर्पित कर दी गई श्रद्धांजलि....
भारतरत्न डॉ. भीमराव आंबेडकर के परिनिर्वाण दिवस पर बुधवार को मध्य प्रदेश के इंदौर में अपना दल (एस) कार्यालय पर युवा सदस्यों द्वारा उन्हें नमन किया गया। राजनितिक रणनीतिकार अतुल मलिकराम की अगुवाई में बाबा साहब की प्रतिमा पर पुष्पांजलि अर्पित की गई। साथ ही युवा सदस्यों ने बाबा साहब के आदर्शों पर चलने का संकल्प लिया।