छत्तीसगढ़ / सुकमा
CRPF घोर नक्सल प्रभावित क्षेत्रों के 40 बेटियों को सिखाएगी स्पोकन इंग्लिश, करियर काउंसलिंग और सफलता के लिए क्लासेस
सुकमा। आज के समय मे अंग्रेजी भाषा की जरूरत हर किसी के लिए बेहद जरूरी है। शहरी क्षेत्रों में सही संसाधन के चलते शहरी बच्चे इंग्लिश में काफी आगे रहते हैं। मगर सुकमा जिले के अंदुरुनी क्षेत्रों के बच्चे इससे वंचित रह जाते है। जिसे देखते हुए दशकों से सुकमा के नक्सल प्रभावित क्षेत्रों में अपनी सेवा दे रही केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (CRPF) की 74वीं वाहिनी के कमांडेंट हिमांशु पांडे के निर्देशन में पहली बार अति नक्सल प्रभावित क्षेत्रों के 40 आदिवासी बेटियों के लिए स्पोकन इंग्लिश की क्लासेस संचालित होने जा रही है। जिसमें इंग्लिश में एक्सपर्ट शिक्षकों के जरिये नक्सल प्रभावित क्षेत्रों के 40 चयनित बेटियों को स्पोकन इंग्लिश के माध्यम से उन्हें इंग्लिश जैसी जरूरी विषय पर पढ़ाई कराई जाएगी।
पहली बार हो रहा स्पोकन इंग्लिश और कैरियर कॉउंसलिंग का कोर्स
नक्सल प्रभावित क्षेत्रों के बच्चों के लिए पहली बार स्पोकन इंग्लिश और करियर कॉउंसलिंग जैसे कोर्स का आयोजन किया जा रहा है। आम तौर पर देखा जाता है कि सुकमा जिले को पिछड़ा जिले के रूप में देखा जाता है। इंग्लिश सीखने की सुविधा ना होने की वजह से और अच्छे शिक्षकों के अभाव में बच्चे इंग्लिश में कमजोर हो जाते है। मगर सीआरपीएफ 74वीं वाहिनी के इस मुहिम से कहीं ना कहीं बच्चों को इसका बहुत फायदा मिलेगा। अब बच्चे इंग्लिश से डरेंगे नहीं बल्कि सिख कर बात करने की कोशिश करेंगे। दोरनापाल स्थित सीआरपीएफ 74वीं वाहिनी मुख्यालय में रविवार को स्पोकन इंग्लिश और कैरियर कॉउंसलिंग कोर्स का शुभारंभ बटालियन के कमांडेंट हिमांशु पांडे डिप्टी कमांडेंट राजकुमार राज वेटनरी डॉक्टर नम्रता सूबेदार मेजर श्यामचंद मिताई, राजेश जांगिड़ के मौजूदगी में किया गया। जिसमें चयनित 40 छात्राओं को एजुकेशन किट वितरण कर किया गया। साथ ही सभी बच्चों को फलाहार करवाया गया। जिसके बाद तय कार्यक्रम के अनुसार 45 दिनों तक कोर्स चलाया जाएगा।
छत्तीसगढ़ के सुकमा में फैली यह खतरनाक बीमारी, चितलनार में पिछले 15 दिनों में 7 लोगों की मौत
सुकमा। छत्तीसगढ़ के सुकमा जिले में ग्रामीणों की मौतों का सिलसिला थमने का नाम नहीं ले रहा है। कोंटा विकासखंड के इतकल और उसकेवाया के बाद अब ओड़िशा सीमा के निकट, छिंदगढ़ विकासखंड के चितलनार गांव में पिछले 10 दिनों में जनजातीय समुदाय के सात ग्रामीणों की मौत उल्टी और दस्त के कारण हो चुकी है। मृतकों में पति दूधी मासा, जिरमिट्टी पति लछिन्दर, सुकलु, दशमी पति सुरेंद्र, सुकड़ी पति सुकलु, सुकड़ी पति बिट्ठल, और सेतुराम शामिल हैं। इस गांव में हर 12 घंटे में एक ग्रामीण की मौत हो रही है, और कई लोग अभी भी अस्पताल में उपचार के लिए भर्ती हैं।
गांव के निवासी घेनवाराम ने बताया कि सेतुराम को कल रात लगभग आठ बजे से उल्टी-दस्त की समस्या शुरू हुई थी। उन्होंने रात में कुछ दवाइयां लीं, लेकिन सुबह उनकी हालत बिगड़ गई, जिसके परिणामस्वरूप उनकी मौत हो गई। सरपंच के पति हिड़मा ने जानकारी दी कि हाल ही में गांव में आई बाढ़ के बाद डायरिया फैल गया है, जिससे ग्रामीणों की जानें जा रही हैं। लगातार हो रही मौतों ने गांव के लोगों में दहशत पैदा कर दी है।
चितलनार छिंदगढ़ का एक बड़ा पंचायत है, जिसमें खासपारा, कलारपारा, कुंजामपारा, नयापारा, मुड़वाल, पटेल पारा और मुड़ापारा जैसे क्षेत्रों में लगभग 7,500 ग्रामीण निवास करते हैं। स्वास्थ्य विभाग ने इस संकट के बाद गांव में एक मेडिकल टीम भेजी है, लेकिन वहां एमबीबीएस चिकित्सक के बजाय सिर्फ एक रुरल मेडिकल असिस्टेंट (आरएमए) को भेजकर खानापूर्ति की गई है। इस टीम ने दो दिन में करीब 127 ग्रामीणों की जांच की, जिसमें से नौ डायरिया पीड़ित पाए गए हैं और कुछ लोगों में बुखार की शिकायत भी मिली है। 48 लोगों ने शरीर में दर्द की समस्या की भी शिकायत की है।
सुकमा में लगातार ग्रामीणों की मौतें हो रही हैं, जिसका एक और उदाहरण कोंटा विकासखंड के इतकल गांव में देखने को मिला, जहां पिछले महीने पांच ग्रामीणों की संदिग्ध परिस्थितियों में मृत्यु हो गई थी। इसी क्षेत्र में पिछले चार वर्षों में 44 से अधिक मौतों की घटनाएं सामने आई हैं। तीन वर्ष पहले रेगड़गट्टा और आस-पास के तीन गांवों में भी 50 से अधिक ग्रामीणों की बीमारी से मौत हुई थी, जिससे यह स्थिति और भी गंभीर होती जा रही है।
सुकमा : स्वामी आत्मानंद अंग्रेजी माध्यम विद्यालय कोंटा में न्योता भोज का हुआ आयोजन
सुकमा, 15 मार्च 2024
स्वामी आत्मानंद अंग्रेजी माध्यम विद्यालय कोंटा में न्यौता भोज का आयोजन किया गया। संस्था में पदस्थ शिक्षिका श्रीमती डी विजयलक्ष्मी के जन्मदिन के अवसर पर उनके द्वारा स्वामी आत्मानंद स्कूल के बच्चों को न्यौता भोज कराया गया। इस दौरान विद्यार्थियों के द्वारा शिक्षिका जन्मदिवस की शुभकामनाएं दिया गया। इस अवसर पर श्री पी विजय नायडू, श्री सुभाष चतुर्वेदी, श्री जी साई रेड्डी, श्रीमती अन्नपुर्णा दुबे, श्री पुल्ली गोलू, श्री अमितेश सिंह, श्री मनी, प्राचार्य श्री बी एल औरसा, श्री दुष्यन्त कौशिक, प्रधान अध्यापक श्री सुशील श्रीवास, टी श्रीनिवास राव एवं शिक्षक उपस्थित रहे। अतिथियों ने कार्यक्रम को सम्बोधित कर बच्चों को भोजन परोसा एवं बच्चों के साथ मिलकर भोजन ग्रहण किया एवं आयोजन की सराहना किया।
प्रधानमंत्री पोषण निर्माण योजना अंतर्गत छत्तीसगढ़ में प्रारम्भ किये गये न्यौता भोज कोई भी इच्छुक दानदाता अपनी ओर से बच्चों को मध्यान्ह भोजन के समय इस तरह से पूरक आहार के रूप में पौष्टिक भोजन प्रदान कर सकते हैं। प्रधान अध्यापक श्री टी श्रीनिवास ने बताया की न्यौता भोज का उद्देश्य पूरक पोषण वितरण, न्योता भोजन का उद्देश्य समुदाय के बीच अपनेपन की भावना का विकास, भोजन के पोषक मूल्य में वृद्धि और सभी समुदाय वर्ग के बच्चों में समानता की भावना विकसित करना है। यह पूरी तरह से स्वैच्छिक है। समुदाय के लोग या फिर कोई भी सामाजिक संगठन, स्कूलों में अध्ययनरत विद्यार्थियों को पूर्ण भोजन का योगदान कर सकते हैं।अतिरिक्त पूरक पोषण के रूप में खाद्य सामग्री का योगदान कर सकते हैं. वहीं न्यौता भोज स्कूल में दिए जाने वाले भोजन का विकल्प नहीं है, बल्कि यह विद्यार्थियों को दिए जा रहे भोजन का पूरक है।
छत्तीसगढ़ में CRPF जवान ने बाथरूम में की खुदकुशी, दो दिन पहले छुट्टी से लौटा था कैंप
सुकमा। छत्तीसगढ़ के सुकमा जिले के गादीरास थाना क्षेत्र में केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (CRPF) के जवान ने कैंप के बाथरूम में खुद को गोली मारकर आत्महत्या कर ली। आत्महत्या की इस घटना के बाद पूरे कैंप में हड़कंप मच गया और पुलिस और सीआरपीएफ के वरिष्ठ अधिकारी मौके पर पहुंच गए हैं।
पुलिस सूत्रों के अनुसार, सीआरपीएफ जवान ने कैंप के बाथरूम में आत्महत्या की। जवान का नाम विपुल भूयान है, जोकि सीआरपीएफ के 226 बटालियन में पदस्थ था।
विपुल भूयान मूलतः असम का निवासी है और दो दिन पहले ही छुट्टी से वापस लौटा था। हालांकि विपुल भूयान की आत्महत्या के कारणों का पता नहीं चल सका है। पुलिस इस मामले की जांच कर रही है।
स्थानीय पुलिस ने घटना स्थल का दौरा किया और शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। CRPF के वरिष्ठ अधिकारी घटना की गहन जांच कर रहे हैं और जवान की मानसिक स्थिति और आत्महत्या के संभावित कारणों की जांच कर रहे हैं।
छत्तीसगढ़ के सुकमा में पुलिस और नक्सलियों के बीच मुठभेड़, एक नक्सली ढेर
सुकमा। छत्तीसगढ़ के सुकमा जिले के चिंतागुफा थानाक्षेत्र के नक्सल प्रभावित तुमालपाड़ के जंगलों में पुलिस और नक्सलियों के बीच मुठभेड़ हुई,
जिसमें एक नक्सली ढेर हो गया। यह मुठभेड़ डीआरजी (डिस्ट्रीक रिजर्व गार्ड), जिला बल और बस्तर फाइटर्स की संयुक्त टीम के साथ हुई। मुठभेड़ स्थल से पुलिस ने हथियार और नक्सली सामग्री भी बरामद की है।
जानकारी के अनुसार चिंतागुफा क्षेत्र के तुमालपाड़ के घने जंगलों में पुलिस और नक्सलियों के साथ मुठभेड़ हुई। पुलिस बल की जवाबी कार्रवाई में एक नक्सली मारा गया और उसके शव को बरामद कर लिया गया है।
डीआरजी, जिला बल और बस्तर फाइटर्स की संयुक्त कार्रवाई से नक्सलियों के खिलाफ एक महत्वपूर्ण सफलता हासिल की गई है।
सुकमा : स्वास्थ्य टीम एवम् साम्य भूमि फाउंडेशन जन जागरूकता हेतु संवेदनशील क्षेत्र ताड़मेटला पहुची
285 लोगों का हुआ स्वास्थय जांच
सुकमा, 14 फरवरी 2024
जिला मुख्यालय से लगभग 89 किलोमीटर दूर संवेदनशील ग्राम ताडमेटला में कलेक्टर हरीस. एस. के निर्देशानुसार एवं मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थय अधिकारी डॉ महेश सांडिया के मार्गदर्शन में साम्यभूमि फाउंडेशन द्वारा यूनिसेफ़ के सहयोग से एक दिवसीय स्वास्थय एवं पोषण जन जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस दौरान एएनसी जांच, टीकाकरण, मलेरिया स्क्रीनिंग, कुपोषण जांच एवं स्वस्थ्य सम्बन्धी विषयों पर जनजागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। गर्भवती महिलाओं, पोषक माता एवं किशोरी बालोकाओं को स्थानीय स्तर पर उपलब्ध पोषक खाद्य सामग्रियों की जानकारी दी गयी। शिविर के दौरान ग्रामीणों को सात अलग अलग वर्ग में वर्गीकृत कर उनके अनुरूप स्वास्थय एवं पोषण से सम्बंधित जानकारी प्रदान की गयी । इस दौरान शिविर में 356 पुरुष, महिलायें एवं बच्चे उपस्थित थें।
इनमे से 285 लोगों का स्वास्थय जांच किया गया जोकि सर्दी, बुखार, मलेरिया, दस्त एवं आँख की परेशानी से सम्बंधित थे। इस दौरान सिकल सेल, एनीमिया एवं कुष्ठ रोग की भी जांच की गयी एवं 5 लोग मलेरिया पॉजिटिव पाए गए।
शिविर में भारत सरकार एवं छत्तीसगढ़ शासन द्वारा संचालित योजनाओ एवं सुविधाओं का लाभ ग्रामीणों को प्रदाय किये जाने हेतु डोर-टू-डोर सर्वे कर आधार कार्ड, राशन कार्ड एवं बैंक खाता खोलने हेतु प्रेरित की गयी। इस दौरान शिविर में 21 लोगों का शिविर में ही आयुष्मान कार्ड बनाया गया।
नक्सलियों ने पुलिस की मुखबिरी करने का आरोप लगाते हुए अगुवा किया
सुकमा । जिले के किस्टाराम थाना क्षेत्र स्थित जंगल में जनअदालत लगाकर माओवादियों ने एक ग्रामीण की निर्ममता से लोगों के सामने पीट पीटकर हत्या कर दी। मारे गए 20 साल के युवक माड़वी रामाराव निवासी ग्राम साकलेर पर नक्सलियों ने पुलिस की मुखबिरी करने का आरोप लगाते हुए अगुवा किया था। बताया जा रहा है कि नक्सलियों ने दो दिन पूर्व तीन ग्रामीणों को साकलेर ग्राम से अगवा किया था।
बुधवार को जनअदालत में इनका फैसला करते हुए नक्सलियों ने युवक के साथ क्रूरता की। युवक की हत्या के बाद नक्सलियों ने शव को परिजनों के सुपुर्द कर दिया है। वहीं मारपीट में घायल दो ग्रामीणों को बुधवार रात रिहा कर दिया है। अगवा तीनों ग्रामीण नक्सल प्रभावित किस्टाराम थाना क्षेत्र के ग्राम साकलेर के निवासी हैं। पुलिस ने युवक की हत्या की पुष्टि करते हुए अज्ञात नक्सलियों के खिलाफ किस्टाराम थाना में मामला दर्ज कर लिया है।
सुकमा में आईईडी विस्फोट, डीआरजी जवान घायल....
सुकमा । जिले में आज एक बार फिर नक्सलियों द्वारा सलातोंग में लगाए गए IED की चपेट में आने के से डीआरजी का एक जवान घायल हो गया।
घायल जवान का इलाज जारी है। मौक़े पर बड़ी संख्या में जवान मौजूद हैं। नक्सलियों की मौजूदगी को देखते हुए सलातोंग में जवानों ने नया कैम्प खोला हुआ है।
बता दें कि कल भी नक्सलियों ने सलातोंग में लगाया हुआ था, जिसकी चपेट में आने से दो जवान घायल हुए थे। घायलों को इलाज के लिए एयरलिफ़्ट किया गया था।
ज़िला बल कोबरा और CRPF के जवान डब्बामर्का कैम्प से निकले थे। इस दौरान सलातोंग के नज़दीक नक्सलियों द्वारा लगाए IED की चपेट में आने से ये दो जवान घायल हुए थे। वहीं, आज एक और जवान के घायल होने की खबर से इलाके में दहशत फैला हुआ है।
इनामी नक्सली समेत 5 नक्सलियों ने किया आत्मसमर्पण
सुकमा । पुलिस अधीक्षक कार्यालय में 10 जुलाई को ओडिशा क्षेत्र में सक्रिय एक हार्डकोर ईनामी सहित 5 नक्सलियों ने पुलिस अफसरों के समक्ष आत्मसमर्पण किया। इसमें 2 महिला नक्सली भी शामिल हैं। एक आत्मसमर्पित नक्सली पर छग शासन द्वारा 5 लाख रूपये का ईनाम घोषित है।
नक्सली संगठन में सक्रिय 2 महिला नक्सली सहित 5 नक्सलियों सागर उर्फ दूधी कोसा (गालीकोण्डा(ओडिशा) एरिया कमेटी कमाण्डर/ एसीएम ईनामी 5 लाख रूपये) दंतेशपुरम थाना भेजी जिला सुकमा, मुचाकी कोसा (सुरपनगुड़ा आरपीसी ग्राम पुलनपाड़ जीआरडी मिलिशिया डिप्टी कमाण्डर) पुलनपाड़ पटेलपारा थाना चिंतलनार जिला सुकमा, महिला कोरसा हुंगी (सिलगेर आरपीसी सीएनएम सदस्या) तिम्मापुरम थाना जगरगुण्डा जिला सुकमा, महिला मडक़म लक्खे (किस्टराम एरिया कमेटी टेलर टीम सदस्या) कामवरम थाना किस्टाराम जिला सुकमा, मडक़म देवा (गोमपाड़ आरपीसी जनताना सरकार अध्यक्ष) गोमपाड़ मुरिया पारा थाना भेजी जिला सुकमा ने सुकमा एसपी कार्यालय में अरविंद पी आनंद, द्वितीय कमान अधिकारी 217 वाहिनी गजेन्द्र बहादूर सिंह, द्वितीय कमान अधिकारी 212 वाहिनी सीआरपीएफ, सपन चौधरी, उप पुलिस अधीक्षक नक्सल ऑप्स सुकमा एवं धर्मेन्द्र कुमार सहायक कमाण्डेन्ट 223 वाहिनी के समक्ष बिना हथियार के आत्मसमर्पण किया। ईनामी नक्सली सागर उर्फ दूधी कोसा को समर्पण हेतु प्रोत्साहित कराने में रेंज फिल्ड टीम डीआईजी ऑफिस कोंटा (आरएफटी) एवं 212, 217 वाहिनी सीआरपीएफ के आसूचना शाखा, नक्सली मुचाकी कोसा को आत्मसमर्पण हेतु प्रोत्साहित कराने में 223 वाहिनी सीआरपीएफ के आसूचना शाखा एवं शेष नक्सलियों को आत्मसमर्पण हेतु प्रोत्साहित कराने में नक्सल सेल आसूचना शाखा तथा डीआरजी सुकमा का विशेष प्रयास रहा। सभी प्रतिबंधित नक्सल संगठन में जुडक़र विभिन्न नक्सली गतिविधियों जैसे पुलिस गस्त पार्टी की रेकी कर हमला करना, पुलिस पार्टी के आने-जाने वाले मार्गो में स्पाईक लगाना, मुख्य मार्गों को खोदकर अवरूद्ध करना, शासन-प्रशासन के विरूद्ध में नक्सली पर्चा-पाम्पलेट लगाना आदि घटनाओं में शामिल रहे है। सभी आत्मसमर्पित नक्सलियों को ‘‘छत्तीसगढ़ नक्सलवाद उन्मूलन एवं पुनर्वास नीति’’ के तहत् सहायता राशि व अन्य सुविधायें दी जाएगी।
भारी बारिश से सुकमा में बाढ़, तीन राज्यों से संपर्क टूटा
कोंटा। छत्तीसगढ़ में लगातार हो रही मूसलाधार बारिश के कारण दक्षिण बस्तर के सुकमा जिले में बाढ़ की गंभीर स्थिति उत्पन्न हो गई है। इसके चलते जिले का तीन अन्य राज्यों से संपर्क पूरी तरह से कट गया है। स्टेट हाईवे 30 पर भारी जलजमाव के कारण जाम की स्थिति बनी हुई है, जिससे आवागमन ठप हो गया है। बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों के लोगों को प्रशासन द्वारा राहत कैंपों में शिफ्ट किया जा रहा है।
बाढ़ के चलते शबरी नदी सहित क्षेत्र के अन्य नदियों और नालों में जलस्तर तेजी से बढ़ रहा है, जिसके कारण राष्ट्रीय राजमार्ग 30 बाधित हो गया है। प्रशासन ने कोंटा नगर में बाढ़ से निपटने के लिए छह राहत शिविर स्थापित किए हैं, जहां प्रभावित लोगों को सुरक्षित स्थान पर पहुंचाया जा रहा है। जिला प्रशासन हालात पर कड़ी नजर रखे हुए है, और राहत कार्यों को तेजी से अंजाम दिया जा रहा है। जाम में फंसे यात्रियों को प्रशासन द्वारा भोजन और ठहरने की सुविधाएं उपलब्ध कराई गई हैं।
इस बीच, एक भयावह वीडियो सामने आया है जिसमें एर्राबोर गांव के इक्कलगुड़ा पारा के कुछ ग्रामीण शबरी नदी के उफान के बीच जान जोखिम में डालकर सौर ऊर्जा प्लेटों को बचाने का प्रयास कर रहे हैं। वीडियो में तेज धाराओं के बीच ग्रामीणों को नाव का सहारा लेते हुए देखा जा सकता है, जिससे उनकी सुरक्षा को लेकर चिंता जताई जा रही है।
स्थानीय सूत्रों के अनुसार, शबरी नदी के किनारे स्थित इक्कलगुड़ा गांव में एक किसान के सौर ऊर्जा प्लेट्स बाढ़ की तेज धारा में बहने लगे थे, जिसे बचाने के लिए ग्रामीणों ने यह खतरनाक कदम उठाया। इस घटना ने बाढ़ प्रभावित गांवों में सुरक्षा और बचाव के इंतजामों की कमी को भी उजागर किया है। ग्रामीण क्षेत्रों में अभी तक कोई ठोस इंतजाम नहीं किए गए हैं, जिससे लोगों की परेशानियां बढ़ती जा रही हैं।
प्रशासन लगातार हालात पर नजर बनाए हुए है और राहत कार्यों में जुटा हुआ है, लेकिन भारी बारिश से जनजीवन बुरी तरह प्रभावित हो गया है।
संपूर्णता अभियान के तहत स्व-सहायता समूह को किया गया जागरूक
सुकमा । नीति आयोग संपूर्णता अभियान के तहत छत्तीसगढ़ सरकार की महत्वाकांक्षी नियद नेल्ला नार योजना के तहत कलेक्टर हरिस एस. के निर्देशन में एवम सीईओ जिला पंचायत नम्रता जैन के मार्गदर्शन में जिले में संपूर्णता अभियान के अंतर्गत 6 इंडिकेटर को संतृप्त करने विभिन्न विभागों द्वारा कार्य किए जा रहे है। इसी परिपेक्ष में आकांक्षी ब्लॉक कोंटा के अंतर्गत बुरकालंका, सिलगेर, डूल्ड, चिंतलनार गांवों में स्व-सहायता समूह बनाने, समूह बैंक खाते खोलने, समूहों को जल्द से जल्द रिवाल्विंग फंड उपलब्ध कराने के साथ ही बैंक लिंकेज और अन्य सुविधाएं उपलब्ध कराने पर जोर देते हुए स्व सहायता समूह की दीदियों को जागरूकता कार्यक्रम चलाया गया।
कृषि वैज्ञानिक केन्द्र की सलाहकार समिति की बैठक संपन्न
सुकमा । कृषि विज्ञान केन्द्र सुकमा की वैज्ञानिक सलाहकार समिति की बैठक कृषि विज्ञान केन्द्र, बस्तर में दिनांक 04 सितंबर को डॉ. आर.एस. नेताम अधिष्ठाता कृषि महाविद्यालय एवं अनुसंधान केन्द्र, जगदलपुर के मुख्य आथित्व महादेव ध्रुव संयुक्त संचालक कृषि जगदलपुर के विशिष्ट आथित्व एवं डॉ. जी. पी. आयाम वैज्ञानिक कार्यालय निदेशक विस्तार सेवाएं इ.गा.कृ.वि.वि.रायपुर की अध्यक्षता में सम्पन्न हुई इस बैठक में सुकमा के साथ-साथ कृषि विज्ञान केन्द्र बस्तर दन्तेवाडा एवं बीजापुर भी उपस्थित रहे। कृषि विज्ञान केन्द्र के पौध रोग विशेषज्ञ राजेन्द्र प्रसाद कश्यप कृषि अभियांत्रिकी विशेषन्न डॉ. परमानंद कीट वैज्ञानिक विशेषज्ञ डॉ. योगेश कुमार सिदार, मछली पालन विशेषज्ञ डॉ. संजय सिह राठौर व ज्योतिष पोटला उपस्थित थे।
कृषि विज्ञान केन्द्र, सुकमा वो वरिष्ठ वैज्ञानिक एवं प्रमुख एच.एस.तोमर ने सर्वप्रथम केन्द्र की 2023-24 की उपलब्धि व प्रगति तथा 2024-25 के कार्ययोजना की प्रत्त्तुति दी। कार्यक्रम के अध्यक्ष द्वारा बैठक में उपस्थित किसानों से जिले की समस्याओं एवं सुझाव पूछे गए तथा किसानों द्वारा दिए गए सुझावो को केन्द्र की कार्ययोजना में शामिल करने हेतु निर्देशित किये जिससे आने वाले समय में संबंधित समस्याओं पर अनुसंधान व विस्तार कार्य किया जा सके। जिले से सात प्रगतिशील किसान जे.एल. मौर्य, लम्जुराम भोयर ममता भारती धरम नाग चनरू कश्यप महादेव मरकाम एवं रामचंद्र कश्यप उपस्थिति हुए। जे.एल. मौर्य ने दलहन, तिलहन् पशुपालन, मछलीपालन मीलेट्स व शंकरकंद की खेती लच्युराम भोयर ने मक्का व तिल की खेती श्रीमती ममता भारती ने धान के साथ-साथ चीनीमुर्गी पालन व पशुपालन एवं श्री घरम नाग ने जैविक खेती जैसे- जीवामृत, बीजामृत व नीमास्त्र के बारे में बताया और इन क्षेत्रों में ध्यान आकर्षित करते हुए आगे और बढ़ावा देने पर जोर दिया। कार्यक्रम में जिले के उपसंचालक कृषि श्री पीआरबघेल पशुपालन विभाग से डॉ. उमेश बघेल मछलीपालन विभाग से ओपी मंडावी उद्यानिकी विभाग से श्री कमल गावडे ने भाग लेकर अपने-अपने विभाग से संबधित योजनाओं एवं किसानों से संबधित विभिन्न समस्याओं को केन्द्र की कार्ययोजना में शामिल करने हेतु उपयोगी एवं प्रभावी सुझाव दिये।
इनामी नक्सली समेत 4 नक्सलियों ने किया आत्मसमर्पण
सुकमा । सुकमा में नक्सलियों के खिलाफ चलाए जा रहे हैं अभियान के तहत एक बार फिर से बड़ी कामयाबी पुलिस को मिली है जहां 1 ईनामी नक्सली सहित कुल 4 नक्सलियों के द्वारा आत्मसमर्पण किया। छत्तीसगढ़ शासन की ”छत्तीसगढ़ नक्सलवाद उन्मूलन एवं पुनर्वास नीति’’ एवं ‘‘नियद नेल्ला नार’’ योजना से प्रभावित होकर तथा अंदरूनी क्षेत्रों में लगातार नवीन सुरक्षा कैम्प स्थापित कर पुलिस के बढ़ते प्रभाव से आत्मसमर्पण किया गया।
छ0ग0 शासन द्वारा पद के अनुरूप 1 नक्सली पर 1 लाख रूपये का घोषित है ईनाम। नक्सलियों को आत्मससमर्पण हेतु प्रोत्साहित कराने में नक्सल सेल, डीआईजी कोंटा, सुकमा, जगदलपुर रेंज फिल्ड टीम (आरएफटी) एवं 50, 150, 219, 241 वाहिनी सीआरपीएफ के आसूचना शाखाओं के कार्मिकों की रही है विशेष प्रयास ।
इन नक्सलियों ने किया आत्मसमर्पण
माड़वी जोगा पिता मल्ला (कोर्राजगुड़ा आरपीसी मिलिशिया कमाण्डर ईनामी 1 लाख रूपये) उम्र लगभग 27 वर्ष जाति मुरिया निवासी ग्राम कोर्राजगुड़ा बड़ेपारा थाना भेज्जी जिला सुकमा।
मुचाकी मासा पिता स्व. मुचाकी हड़मा (पूर्व प्लाटून नंबर 4 का पार्टी सदस्य) उम्र लगभग 38 वर्ष जाति मुरिया निवासी छोटेकेड़वाल थाना किस्टाराम जिला सुकमा।
सुन्नम राजू पिता स्व. सुन्नम भीमा (मेहता आरपीसी मिलिशिया सदस्य) उम्र लगभग 30 वर्ष जाति दोरला निवासी मेहता थाना कोंटा जिला सुकमा।
मड़कम लच्छा पिता मुदराज (मेहता आरपीसी मिलिशिया सदस्य) उम्र लगभग 32 वर्ष जाति दोरला निवासी मेहता थाना कोंटा जिला सुकमा
इन चारों ने नक्सल संगठन को छोड़कर समाज की मुख्यधारा मे जुड़ने के उद्देश्य से पुलिस अधीक्षक कार्यालय, जिला सुकमा में अमृतेश कुमार, द्वितीय कमान अधिकारी 50 वाहिनी सीआरपीएफ, दुराई मुर्गन, सहायक कमाण्डेन्ट 219 वाहिनी सीआरपीएफ एवं निरीक्षक अभिलाष टण्डन, प्रभारी डीआरजी जिला सुकमा के समक्ष बिना हथियार के आत्मसमर्पण किया है।
इनामी नक्सली माड़वी जोगा पिता मल्ला को आत्मसमर्पण हेतु प्रोत्साहित कराने में नक्सल सेल आसूचना शाखा, मुचाकी मासा पिता स्व. हड़मा को आत्मसमर्पण हेतु प्रोत्साहित कराने में डीआईजी सुकमा, जगदलपुर रेंज फिल्ड टीम (आरएफटी), 241,150 वाहिनी सीआरपीएफ के आसूचना शाखा एवं सुन्नम राजू पिता स्व. भीमा, मल्लम लच्छा पिता मुदराज को आत्मसमर्पण हेतु प्रोत्साहित कराने में डीआईजी कोंटा रेंज फिल्ड टीम (आरएफटी), 50, 219 वाहिनी सीआरपीएफ के आसूचना शाखाओं के कार्मिकों की रही है विशेष प्रयास। उपरोक्त सदस्यों प्रतिबंधित नक्सल संगठन में जुड़कर विभिन्न नक्सली गतिविधियों जैसे पुलिस गस्त पार्टी की रेकी कर हमला करना, पुलिस पार्टी के आने-जाने वाले मार्गों पर स्पाईक/बम लगाना, मुख्य मार्गों को खोदकर मार्ग अवरूद्ध करना, शासन-प्रशासन के विरूद्ध बैनर, नक्सली पर्चा-पाम्पलेट लगाने एवं अन्य घटनाओं में शामिल रहे है। उक्त सभी आत्मसमर्पित नक्सलियों को ‘‘छत्तीसगढ़ नक्सलवाद उन्मूलन एवं पुनर्वास नीति’’ के तहत् सहायता राशि व अन्य सुविधायें प्रदाय कराये जायेंगे।
मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय का जनप्रतिनिधियों एवं अधिकारियों ने किया आत्मीय स्वागत
रायपुर : मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के एक दिवसीय दंतेवाड़ा जिले के प्रवास के दौरान दंतेवाड़ा आगमन पर स्थानीय कारली पुलिस लाईन हेलीपैड में जनप्रतिनिधियों और अधिकारियों ने आत्मीय स्वागत किया। मुख्यमंत्री श्री साय के साथ में छत्तीसगढ़ विधानसभा के अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह और वन मंत्री श्री केदार कश्यप भी पहुंचे। इस दौरान सांसद बस्तर श्री महेश कश्यप, विधायक दंतेवाड़ा श्री चैतराम अटामी, राज्य महिला आयोग के सदस्य श्रीमती ओजस्वी मण्डावी सहित क्षेत्र के अन्य जनप्रतिनिधि, डीआईजी श्री कमल लोचन कश्यप, कलेक्टर श्री मयंक चतुर्वेदी, एसपी श्री गौरव राय एवं गणमान्य नागरिकों ने स्वागत किया।
छत्तीसगढ़ के इस इलाके में सेना के हेलीकाप्टर से मतदान दल रवाना
सुकमा । छत्तीसगढ़ के सुकमा जिले की एकमात्र कोंटा विधानसभा, जहां पहला मतदान दल हेलीकाप्टर से रवाना हुआ। सुबह 8.30 बजे सेना के एमआई 17 हेलीकाप्टर से रवाना हुए। हेलीपेड में सीआरपीएफ डीआइजी अरविंद राय, कलेक्टर हरीश एस व एसपी किरण चव्हाण पहुंचे हैं।
शनिवार सुबह 4 बजे जिला मुख्यालय के पालिटेक्निक कालेज (स्ट्रांग रूम) से चुनाव की प्रक्रिया शुरू कर दी। मतदानकर्मियों को सुबह मतपेटी आवंटित की गई। उसके बाद बसों के माध्यम से पुलिस लाइन हेलीपेड लाया गया, जहां सुबह 8.30 बजे सेना के एमआई 17 हेलीकाप्टर से मतदान केंद्र भेजा गया।
बता दें कि यहां आगामी 7 नवंबर को कोंटा विधानसभा का चुनाव होना है। सीआरपीएफ डीआइजी अरविंद राय, कलेक्टर हरीश एस व एसपी किरण चव्हाण हेलीपेड पर मौजूद रहे। मतदानकर्मियों का हौसला अफजाई किया। ज्ञात हो कि नक्सली चुनाव का बहिष्कार कर रहे हैं। जिसके मद्देनजर सुरक्षा का विशेष ध्यान रखा जा रहा है। कोंटा विधानसभा के 233 मतदान केंद्र जिसमें 42 मतदान केंद्र के लिए दल को हेलीकाप्टर से भेजा जाएगा।
कलेक्टर हरीश एस ने बताया कि दो हेलीकाप्टर से मतदान दल भेजा जा रहा है। दो दिन में 42 मतदान दल को भेजा जाएगा।
हर घर जल उत्सव समारोह का आयोजन
सुकमा। कलेक्टर देवेश कुमार धु्रव के निर्देशन में व सीईओ जिला पंचायत नम्रता जैन के मार्गदर्शन में विगत दिवस को जल जीवन मिशन के अंतर्गत सुकमा जिले के विकासखंड कोटा के दूरस्थ व अंदरूनी क्षेत्र पंचायत मेहता के तहत ग्राम पुसगुड़ा में हर घर जल उत्सव समारोह का आयोजन ग्राम पंचायत सरपंच हिडमे कवासी, ग्राम पंचायत मुखिया एवं पटेल की उपस्थिति में ग्राम सभा प्रस्ताव लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग को सौपा गया। कार्यक्रम में जल कर, सामुदायिक सहभागिता व स्वामित्व भावना से योजना का संचालन के साथ खास तौर पर वर्षाकालीन वर्षा जल संरक्षण कर सदूषण मुक्त शुद्ध पानी पीने के लाभों के बारे में शिक्षित किया गया।
इसी प्रकार जल जीवन मिशन के अंतर्गत विकासखंड सुकमा के ग्राम गुफड़ी, पंचायत गुफड़ी में हर घर जल उत्सव समारोह का आयोजन ग्राम पंचायत सचिव सोमा मरकाम ,अध्यापक, रोजगार सहायक वार्ड पंच ग्राम पंचायत मुखिया व पटेल की उपस्थिति में ग्राम सभा प्रस्ताव लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग को सौपा गया।