सूर्यांश शिक्षा महामहोत्सव की तैयारियां जोरों पर
जांजगीर । पांच दिवसीय सूर्यांश शिक्षा महामहोत्सव का आयोजन 27 से 31 मार्च तक किया जा रहा है। विगत दिनों पूर्व विधानसभा उपाध्यक्ष नारायण चंदेल को एक प्रतिनिधिमंडल ने महामहोत्सव के लिए आमंत्रित किया। प्रतिनिधि मंडल में सूर्यांश शिक्षा उत्थान समिति के संरक्षक ताराचंद रत्नाकर के साथ हरदेव टंडन, शुक्ला प्रसाद सूर्यवंशी, रामायण सूर्यवंशी, संजय फर्वे, जांजगीर के नवनिर्वाचित नगर पालिका अध्यक्ष श्रीमती रेखा गढ़वाल, पार्षद एवं पूर्व नगर पालिका अध्यक्ष मोतीलाल डहरिया, अजीत गढ़वाल सहित समिति के सदस्य गण उपस्थित थे।
महामहोत्सव में राज्य के मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय को आमंत्रित करने के लिए एक प्रतिनिधिमंडल ने रायपुर में उनसे भेंट किया। विशिष्ट अतिथि के रूप में जांजगीर सांसद श्रीमती कमलेश जांगड़े के साथ विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष चरणदास महंत विधायक सक्ती, व्यास कश्यप जांजगीर चांपा, रामकुमार यादव चंद्रपुर, राघवेन्द्र सिंह अकलतरा, बालेश्वर साहू जैजैपुर, श्रीमती शेषराज हरबंश विधायक सहित श्रीमती सत्यलता आनंद मिरी अध्यक्ष जिला पंचायत जांजगीर, श्रीमती रेखा गढ़वाल अध्यक्ष नगर पालिका परिषद जांजगीर सहित जिले के समस्त जनप्रतिनिधि एवं पदाधिकारी गण सम्मिलित होंगे। महामहोत्सव की तैयारियां जोरों पर है। महामहोत्सव स्थल की तैयारियों का अवलोकन जिला प्रशासन के अधिकारियों द्वारा निरंतर किया जा रहा है।
इस हेतु सूर्यांश के प्रतिनिधि मंडल द्वारा विगत दिवस जिला कलेक्ट्रेट जांजगीर में जिला कलेक्टर आकाश छिकारा एवं पुलिस अधीक्षक से मुलाकात कर आयोजन के संबंध में महत्वपूर्ण बिंदुओं की जानकारी से अवगत कराया। महामहोत्सव के प्रथम दिवस 27 मार्च को मेडिकल मेगा कैंप का आयोजन किया गया है जिसमें विभिन्न बीमारियों के चिकित्सक निःशुल्क स्वास्थ्य शिविर के लिए उपलब्ध रहेंगे। जिला मुख्यालय के चिकित्सकों के अलावा बिलासपुर, कोरबा एवं रायपुर के मल्टी स्पेशलिस्ट अस्पतालों के विशेषज्ञ भी निशुल्क चिकित्सा सेवा प्रदान करेंगे।
द्वितीय दिवस 28 मार्च को भव्य शुभारंभ एवं नागरिक अलंकरण सम्मान समारोह के पश्चात कैरियर मार्गदर्शन एवं सांस्कृतिक कार्यक्रमों का आयोजन किया जाएगा जिसमें विभिन्न कार्यक्रमों के माध्यम से कलाकार अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन करेंगे। 28 मार्च को शाम आठ बजे से अखिल भारतीय कवि सम्मेलन का आयोजन किया गया है जिसमें गीतकार मीर अली "मीर" रायपुर से, हास्य व्यंग्य के सशक्त हस्ताक्षर रामबृक्ष गुप्ता नागपुर से, गीतकार किशोर तिवारी दुर्ग से, हास्य कवि गजराज दास महंत भिलाई से, हास्य व्यंग्य के कवि राकेश श्रीवास बिलासपुर से, श्रृंगार की सुप्रसिद्ध कवियित्री संतोषी महंत 'श्रद्धा' कोरबा से, श्रृंगार की प्रसिद्ध कवियित्री सोम प्रभा तिवारी 'नूर' करगी रोड से, हास्य व्यंग्य कवि शरद यादव सीपत बिलासपुर से, सुरीले गीतकार उमाकांत टैगोर कन्हाईबंद जांजगीर से, समकालीन कविता के कवि प्रो. गोवर्धन सूर्यवंशी बतौली (सरगुजा) से, 'सबरस' के कवि संतोष प्रधान कचंदा बाराद्वार से, ओज के कवि डॉ. यशवंत "यश" सूर्यवंशी दुर्ग से कविता पाठ करेंगे।
कवि सम्मेलन का संयोजन एवं संचालन राष्ट्रीय कवि संगम जाँजगीर के जिला अध्यक्ष कवि सुरेश पैगवार करेंगे। तृतीय दिवस 29 मार्च को जिला प्रशासन के उच्चाधिकारियों के द्वारा कैरियर मार्गदर्शन का आयोजन किया गया है। इसके पश्चात सामान्य ज्ञान प्रतियोगिता परीक्षा का आयोजन किया गया है जिसमें महामहोत्सव स्थल पर सामान्य ज्ञान प्रतियोगिता का आयोजन दो श्रेणियों में होगा प्रथम कनिष्ठ श्रेणी में कक्षा छठवीं से बारहवीं तक के विद्यार्थी एवं द्वितीय स्नातक स्तर के प्रतिभागी सहभागिता करेंगे। उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले प्रतिभागियों को सम्मानित किया जाएगा। इसके बाद प्रतिभा सम्मान, युवा सम्मेलन, शारीरिक सौंदर्य एवं सौष्ठव प्रतियोगिता, परिवार परिचय, सम्मान समारोह एवं रंगारंग सांस्कृतिक कार्यक्रमों का प्रस्तुतीकरण होगा।
महामहोत्सव के चतुर्थ दिवस 30 मार्च को समाज में शिक्षा के प्रति जागरूकता लाने के उद्देश्य से विशाल शिक्षा एवं संस्कार शोभायात्रा का आयोजन किया गया है। इस वर्ष "शिक्षा एवं संस्कार शोभायात्रा" "सूर्यांश धाम खोखरा" से निकल कर महा महोत्सव स्थल "सूर्यांश विद्यापीठ, सूर्यांश धाम- सिवनीं" तक पहुंचेगी जिसमें समाज में शिक्षा का अलख जगाने वाले पंच परमेश्वरों की झांकी सात सफेद घोड़ों पर आरूढ़ होकर शहर के मुख्य मार्गों से होकर महामहोत्सव स्थल सिवनी पहुंचेगे। महामहोत्सव स्थल पर समाज के युवक-युवतियों का आदर्श सामूहिक विवाह किया जाएगा। महामहोत्सव की अंतिम दिवस 31 मार्च को समापन समारोह के अंतर्गत सूर्यांश साधको एवं कार्यकर्ताओं के लिए विदाई समारोह का आयोजन किया गया है जिसमें उत्कृष्ट कार्य करने वाले सूर्यांश साधकों को सम्मानित किया जाएगा।
उक्ताशय की जानकारी देते हुए प्रो. गोवर्धन सूर्यवंशी एवं हरदेव टंडन ने बताया कि 27, 28, 29, 30 एवं 31 मार्च 2025 को आयोजित महामहोत्सव का प्रचार-प्रसार गांव-गांव में किया जा रहा है। इसे पूर्व नवनिर्वाचित जनप्रतिनिधियों का सम्मान समारोह का आयोजन 02 मार्च को सूर्यांश विद्यापीठ में किया गया था। मेला स्थल पर विभिन्न स्टालों के माध्यम से विद्यार्थियों को शिक्षा के नवाचारी गतिविधियों एवं शासन की अनेक योजनाओं को प्रदर्शित करने वाले स्टाल लगाया जाता है। महामहोत्सव स्थल का सौंदर्यीकरण उड़ीसा एवं स्थानीय कलाकारों सहित कई राज्यों के कलाकारों के द्वारा किया जा रहा है।